Taksh Pragya Sheel Gatha
Home >> इतिहास >> फूटी कौड़ी

फूटी कौड़ी

Rajendra Prasad Singh

Tuesday, October 13, 2020, 09:10 AM
Pooti Koudi

बिहार के लखीसराय में लाली पहाड़ी की खुदाई चल रही है.....

खुदाई में तीन सौ से अधिक बैक कट कौड़ियाँ मिली हैं.....

बैक कट कौड़ियों के पिछले हिस्से में ठीक बीचों - बीच छिद्र होता है....

बैक कट कौड़ियाँ प्राचीन काल में चीन की करेंसी हुआ करती थीं.....

लाली पहाड़ी पर बड़े पैमाने पर इन कौड़ियों का मिलना साबित करता है कि बौद्ध चीनी यात्रियों का यहाँ आना - जाना लगा रहता था और वे करेंसी के रूप में इसका इस्तेमाल किया करते थे.....

तब विदेशी मुद्राएँ बौद्ध पर्यटन - स्थलों पर बड़े पैमाने पर आया करती थीं.....

दूर - दूर के देशों के लोग पहुँचते थे और भारत के मुद्रा - भंडार में वृद्धि करते थे....

इन्हीं फूटी कौड़ियों के बलबूते अनेक मुहावरे हिंदी में प्रचलित हैं--- फूटी कौड़ी भी नहीं देंगे, मेरे पास फूटी कौड़ी भी नहीं है, फूटी कौड़ी के मोल बिक जाना आदि.....

- डाॅ. राजेन्द्र प्रसाद सिंह





Tags : currency travelers Chinese Buddhist scale large discovery